लाइफस्टाइल डेस्क :-
आमतौर पर हम अपनी डेंटल हेल्थ को लेकर ज्यादा सजग नहीं रहते हैं। हम डेंटल प्रॉब्लम को तब तक बढ़ाते रहते हैं जब तक वे हमारी मजबूरी नहीं बन जाती है। डेंटिस्ट के पास जाना हमारी प्राथमिकता नहीं होती है, जबकि एक्सपर्ट्स का कहना है कि डेंटल हेल्थ के मामले में हमें 2-2-2 के नियम पर चलना चाहिए। यानी दिन में दो बार ब्रश करना चाहिए। इसी तरह हमें कम-से-कम दो मिनट तक तो ब्रश करना ही चाहिए। इसके अलावा दांतों की अच्छी सेहत के लिए हमें साल में दो बार डेंटिस्ट के पास भी जरूर जाना चाहिए। इसी तरह से अगर आप कुछ भी खाएं, तो कुल्ला जरूर करें। हमेशा फ्लोराइड युक्त टूथपेस्ट का इस्तेमाल करें। ब्रश करते समय उसे ज्यादा दबाना नहीं चाहिए।
सभी जानते हैं कि एक हेल्दी स्माइल आपकी पर्सनैलिटी में चार चांद लगाती है, लेकिन आजकल बिज़ी शेड्यूल के चलते हम अपने स्वास्थ्य पर ज्यादा ध्यान नहीं दे पाते, खासकर ओरल हेल्थ पर। इसकी वजह से दांतों में दाग-धब्बे, सांस की दुर्गंध और मुंह से जुड़ी कई परेशानियां आए दिन लोगों में देखी जाती है। आप पूरी तरह स्वस्थ तभी होंगे, जब शरीर के साथ-साथ आपकी स्माइल भी खूबसूरत होगी। इसके लिए हम आपको कुछ ऐसे उपाय बता रहे हैं जिन्हें आप अपनी बिजी लाइफ से थोड़ा-सा वक्त निकाल कर प्रयोग कर सकते हैं।
1) ज्यादा कॉफी और सॉफ्ट ड्रिंक का सेवन करने से आपके दांतों में दाग-धब्बे पड़ जाते हैं। इसकी वजह से कई बार आपको सार्वजनिक जगहों में शर्मिंदगी का सामना करना पड़ता है। इसलिए कॉफी या ड्रिंक का सेवन करने के थोड़ी देर बाद हमेशा पानी से कुल्ला ज़रूर करें।
2) हाई अल्कोहल कंटेंट वाले माउथवॉश की वजह से भी सांसों से बदबू आ सकती है। माउथवॉश के बजाय आप पेपरमिंट ऑयल को पानी में मिक्स करके कुल्ला कर मुंह को अच्छे से साफ कर सकते हैं। बबल-गम और शुगरलेस कैंडी से लार बनती है जिससे बैक्टीरिया बाहर निकल जाते हैं।
》Other Tips :-
हेल्दी फूड खाएं, तुलसी की पत्तियां चबाएं, डेंटल ट्रीटमेंट ले सकते हैं, ड्रिंक करने के बाद पानी जरूर पीएं, तंबाकू का सेवन न करें, भोजन करने के बाद कुल्ला जरूर करें, ठंडी बर्फ न खाएं, बोतल का ढक्कन दांतों से न खोलें, दांतों को पीसने की आदत छोड़ दें, सॉफ्ट ब्रश का इस्तेमाल करें, दिन और रात दोनों टाइम ब्रश करें।
3) हेल्दी फूड न सिर्फ आपके वजन को कंट्रोल करता है बल्कि आपके मुंह की भी सफाई करता है। अजवायन, गाजर और सेब खाने से आपके दांतों से चिपचिपा खाद्य पदार्थ दूर होता है। पुदीने की पत्तियां और अजवायन चबाने से मुंह की दुर्गंध दूर होती है, क्योंकि यह गंधनाशक के रूप में कार्य करता है।
4) सुबह उठकर सबसे पहले सीसेम तेल से कुल्ला करने या केले खाने से दांत सफेद होते हैं जिससे आपकी मुस्कान खिली-खिली नज़र आती है। इसके अलावा तुलसी की पत्तियां चबाना भी हेल्दी मुस्कान के लिए फायदेमंद है।
5) आजकल कई ऐसे डेंटल ट्रीटमेंट्स मौजूद हैं, जिनकी मदद से आप मनचाही मुस्कान हासिल कर सकते हैं। क्लीनिंग और पॉलिशिंग तकनीक से दांत ज़्यादा खूबसूरत दिखते हैं। टीथ वाइटनिंग एक अलग तकनीक है जिससे दांतों के दाग-धब्बे दूर कर उसे सफेद बनाया जाता है। अगर आपके दांत बाहर या टेढ़े-मेढ़े हैं तो ब्रेसेस के ज़रिए आप इनकी पोजिशन सही कर सकते हैं और एक ब्यूटीफुल स्माइल पा सकते हैं।
6) दांतों से दाग-धब्बे कम करने के लिए अल्कोहल मिली हुई ड्रिंक का सेवन न करें। अगर करते भी हैं, तो इसके तुरंत बाद पानी पीएं। इससे दांतों में फंसा खाद्य पदार्थ निकल जाएगा।
7) स्मोकिंग और तंबाकू खाने से हेल्थ प्रॉब्लम के साथ-साथ सांसों में दुर्गंध, दाग-धब्बे और मसूड़ों में कई प्रकार के रोग भी हो जाते हैं। स्मोकिंग करने वाले लोगों के मसूड़े दांतों से अलग दिखाई देते हैं और दोनों के बीच की हड्डी भी दिखती है जिससे आपकी स्माइल खराब हो सकती है।
8) पुराने जमाने में लोग जिम नहीं जाते थे, लेकिन फिर भी स्वस्थ हेल्दी रहते थे। आजकल बिज़ी शेड्यूल होने की वजह से लोगों के पास अपनी हेल्थ का ख्याल रखने का भी समय नहीं है। इसलिए ओरल हेल्थ भी नज़रअंदाज हो रही है। इसलिए थोड़ा वक्त निकालकर खाने के बाद पानी से कुल्ला ज़रूर करें।
》 इन 5 आदतों से कमज़ोर होते हैं दांत, Healthy teeth पाने के लिए करें ये उपाय
दांतों की सेहत सही बनाए रखने के लिए कुछ बातों को ज़हन में रखा जाना जरूरी है। ऐसा करने से आप लंबे समय तक दांतों की तकलीफ से पूरी तरह बचे रह सकते हैं। अपनी आदतों में थोड़ा बहुत बदलाव करके भी आप बेहतर परिणाम पा सकते हैं।
1) बर्फ चबाना-चूसना :-
जिन लोगों को बर्फ या ऐसी ही ठंडी चीजों को बार-बार चबाने या चूसने की आदत होती है, उनके दांतों के खराब होने का खतरा भी अधिक होता है। ऐसा करने से दांतों में फ्रेक्चर होने की आशंका बनी रहती है। यदि आपको कोई ड्रिंक पीने के बाद बचे हुए बर्फ को चबाने की आदत है, तो इसे छोड़ दें। बर्फ चबाने से दांतों में छोटे-छोटे क्रेक बन जाते हैं, जो आगे चलकर दांतों की जड़ों तक पहुंच सकते हैं। ऐसा करना बहुत ही खतरनाक होता है।
क्या करें?
ठंडी चीजों को कम-से-कम समय के लिए मुंह में रहने दें। मीठे खाद्य पदार्थों को ज्यादा देर तक चूसते न रहें।
2) दांतों को औजार समझना :-
कुछ लोग दांतों को औजार की तरह इस्तेमाल करते हैं। वे इससे बोतलों के ढक्कन खोलते हैं या नट्स तोड़ते हैं। ऐसा करना दांतों के लिए नुकसानदेह होता है। इससे दांतों की जड़ें कमजोर हो जाती हैं। इसके साथ ही इससे दांतों में सेंसिटिविटी की समस्या हो जाती है। इससे दांतों के किनारे टूट जाते हैं। इसके कारण दांतों में कैविटी होने की आशंका सामान्य से अधिक हो जाती है। कपड़ों पर लगा छोटे से छोटा टैग भी दांतों से उखाड़ना हानिकारक साबित हो सकता है।
क्या करें?
दांतों से कोई सख्त चीज न तोड़ें। दांतों से बोतल के ढक्कन खोलने की गलती कतई न करें।
3) दांत पीसना :-
बहुत से लोगों को बार- बार दांत पीसने की आदत होती है। ऐसा वे शुरुआती दौर में गुस्से की वजह से करते हैं, लेकिन बाद में यह उनकी आदत बन जाती है। इससे मसूड़ों पर अत्यधिक दबाव पड़ता है। ऐसा होने से दांतों की जड़ें कमजोर होने लगती हैं। लंबे समय तक इस आदत के बने रहने से दांतों में दर्द और कमजोरी की समस्या पैदा हो जाती है। कुछ लोगों को नींद में दांत पीसने की आदत होती है। यह आदत भी लंबे समय बाद घातक हो सकती है। इससे दांतों के कोने घिस जाते हैं और इनमें दरारें भी पड़ जाती हैं।
क्या करें?
यदि आपको ऐसी आदत है तो खुद पर नियंत्रण करके इसे दूर किया जा
सकता है।
4) सख्त ब्रिसल्स वाले टूथब्रश :-
कुछ लोगों को लगता है कि जितने सख्त टूथब्रश के ब्रिसल्स होंगे उतने अच्छे से दांत साफ होंगे। वास्तव में ऐसा होता नहीं। सख्त ब्रिसल्स के कारण दांतों की जड़ों पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है और सेंसिटिविटी की समस्या ज़्यादा हो जाती है। इसके साथ ही कुछ लोग बहुत अधिक दबाव बनाते हुए ब्रश करते हैं। इससे मसूड़ों को चोट पहुंचने का खतरा होता है। इससे दांतों के आसपास छाले होने का खतरा ज़्यादा हो जाता है। कुछ समय बाद यह पायरिया का रूप ले सकता है।
क्या करें?
डॉक्टर की सलाह पर टूथब्रश का चयन करें। ब्रश करते समय ज्यादा जोर न लगाएं।
5) ठीक से ब्रश न करना :-
कुछ लोग कभी ठीक से ब्रश नहीं करते। वे इसे फिजूल का काम समझकर जल्दी निपटाना चाहते हैं। ऐसा करने से दांतों में कैविटी होने की आशंका अधिक हो जाती है। इसके साथ ही फ्लॉसिंग भी रोजाना की जानी चाहिए। इससे दांतों के बीच में फंसे खाने के कण आसानी से निकल जाते हैं। ऐसा न करने पर दांतों की सड़न की आशंका बढ़ जाती है। दिन में एक बार ब्रश करना काफी नहीं होता। सुबह और रात दोनों टाइम ब्रश करना चाहिए।
क्या करें?
रोजाना फ्लॉसिंग करें। ब्रश करने को काम न समझें। इत्मिनान से ब्रश करें।

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